भारत ने न्यूजीलैंड में तैनात हाई कमिश्नर मुआनपुई सायावी को वानुअतु के लिए भी भारत का अगला हाई कमिश्नर नियुक्त किया है। वह वेलिंगटन से ही वानुअतु में अपनी जिम्मेदारी संभालेंगी।

नई दिल्ली, भारत — विदेश मंत्रालय (MEA) ने बताया है कि न्यूजीलैंड में भारत की मौजूदा हाई कमिश्नर मुआनपुई सायावी को वानुअतु गणराज्य के लिए भी भारत का अगला हाई कमिश्नर बनाया गया है। उनकी नियुक्ति वेलिंगटन में रहते हुए ही वानुअतु के लिए होगी और वह जल्द ही यह जिम्मेदारी संभालेंगी।
मुआनपुई सायावी होंगी वानुअतु में भारत की अगली हाई कमिश्नर
MEA के अनुसार, मुआनपुई सायावी भारतीय विदेश सेवा (IFS: 2005) की अधिकारी हैं। वह इस समय न्यूजीलैंड में भारत की हाई कमिश्नर के रूप में काम कर रही हैं। अब उन्हें वानुअतु के लिए भी अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई है।
विदेश मंत्रालय ने कहा कि सायावी वेलिंगटन में रहते हुए वानुअतु के लिए भारत की हाई कमिश्नर के रूप में काम करेंगी। वह जल्द ही यह नया कार्यभार संभालने वाली हैं।
भारत और वानुअतु के संबंधों में सहयोग बढ़ा
MEA के अनुसार, भारत और वानुअतु के संबंध आपसी सद्भावना और सहयोग पर आधारित हैं। भारत ने वानुअतु को स्वास्थ्य, शिक्षा और बुनियादी ढांचे जैसे क्षेत्रों में विकास सहायता दी है।
दोनों देश लोकतंत्र, बहुसांस्कृतिक समाज और जलवायु परिवर्तन से जुड़ी चिंताओं को लेकर समान विचार साझा करते हैं। इन साझा मूल्यों ने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर दोनों देशों के बीच सहयोग को मजबूत करने में मदद की है।
भौगोलिक दूरी के बावजूद भारत और वानुअतु के बीच द्विपक्षीय संबंध आगे बढ़ रहे हैं। दोनों देश अलग-अलग क्षेत्रों में आपसी समझ और सहयोग बढ़ाने पर काम कर रहे हैं।
आईटी और स्वास्थ्य क्षेत्र में भारत का सहयोग
MEA के अनुसार, अप्रैल में हुई एक यात्रा के दौरान मार्घेरिटा ने भारत की मदद से वानुअतु में बनाए गए Centre of Excellence in Information Technology (CeIT) का दौरा किया था। इस दौरान स्थानीय डिजिटल कौशल को मजबूत करने के लिए अतिरिक्त आईटी हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर सहायता की घोषणा की गई थी।
भारत और वानुअतु के सहयोग में स्वास्थ्य क्षेत्र भी शामिल है। एक महत्वपूर्ण घोषणा के तहत वानुअतु के 10 मरीजों को ‘Heal in India’ पहल के तहत भारत में विशेष चिकित्सा उपचार दिलाने के लिए सहायता देने की बात कही गई थी।
जलवायु और आर्थिक सहयोग पर भी जोर
वानुअतु के प्रधानमंत्री Jotham Napat के साथ बैठक में दोनों देशों के संबंधों को मजबूत करने पर चर्चा हुई। बैठक में जलवायु से जुड़ी चुनौतियों और आर्थिक सहयोग पर भी ध्यान दिया गया।
भारत और वानुअतु के बीच बढ़ता सहयोग Forum for India-Pacific Islands Cooperation (FIPIC) से भी जुड़ा है। छोटे द्वीपीय विकासशील देशों यानी SIDS के लिए जलवायु परिवर्तन, स्वास्थ्य और क्षमता निर्माण जैसे मुद्दे अहम हैं।
मुआनपुई सायावी की नई जिम्मेदारी ऐसे समय में सामने आई है जब भारत और वानुअतु के बीच सहयोग कई क्षेत्रों में आगे बढ़ रहा है। वह वेलिंगटन से ही वानुअतु के साथ भारत के राजनयिक संबंधों को संभालेंगी।
मुआनपुई सायावी की नई जिम्मेदारी
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| अधिकारी | मुआनपुई सायावी |
| सेवा | IFS: 2005 |
| मौजूदा पद | न्यूजीलैंड में भारत की हाई कमिश्नर |
| नई जिम्मेदारी | वानुअतु के लिए भारत की अगली हाई कमिश्नर |
| निवास | वेलिंगटन |
| कार्यभार | जल्द संभालने की उम्मीद |
भारत-वानुअतु संबंधों का अगला चरण
भारत और वानुअतु के बीच स्वास्थ्य, शिक्षा, आईटी, बुनियादी ढांचे, जलवायु और क्षमता निर्माण जैसे क्षेत्रों में सहयोग जारी है। नई राजनयिक जिम्मेदारी भारत और वानुअतु के बीच संपर्क को आगे बढ़ाने के प्रयासों का हिस्सा है।

Praveen Yadav is the Founder and Editor at The Nation Bulletin. With over 3 years of experience in digital journalism and news reporting, he covers national affairs, governance, and breaking current events with a commitment to factual accuracy and verified reporting.


